वो रुलाते है तेरा नाम लेकर ,वो हँसाते है तेरा नाम लेकर ,
जाने तुझे भुला क्यू नहीं देता उनका नाम लेकर |
एक अलग सी कसक उठा जाती है तेरा नाम सुन कर ,
दिल रो देता है तेरा नाम सुन कर ,
जाने क्यू हँस नहीं पता उनके साथ होकर |
जिंदगी की हर मोर पर वो साथ होते है मेरे ,
जाने फिर क्यू तेरा इंतजार रहता है हर मोर पर मुझे |
तेरे साथ बीते लम्हे को याद करता हूँ ,
जब मस्तियाँ उनके साथ मै हजार करता हूँ |
उनकी हर एक बात तेरी बात लगती है ,
उनके पास होकर भी तेरे रहता हूँ ,
डूबा तेरे खयालो में -२ तुझसे दूर ,
फिर भी हरवक्त तेरे पास रहता हूँ |
जाने तुझे भुला क्यू नहीं देता उनके पास होकर भी ,
उनके पास हो कर भी .....................२
शिवेंद्र प्रकाश सुमन
29|o4|2012
+91-9650233010
http://shivendrasuman1.blogspot.in/
2 Comments
Bhai its not mor its mood by the poem are really nice
ReplyDeleteok
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